एन वे रूसिया न कर ओ मुरली वाले सजना
इक दिन छड जाना है असी जहाँ सजना.
सानु याद कर कर के तेरे हंजू (आंसू) बेन गे
तेरे कोलो रोके नाल वि न रुकन गे सजना
आज सानू विछोडा न दिखाई मेरे सजना
कल याद विच साड्डी न तून रोईं सजना
अज प्यार नाल दो आजा गल्लाँ कर लाईये
कल छड के जाना है असी जहाँ सजना
राधे राधे बाद विच करदा फिरेंगा तूं गली विच सजना
फिर वापिस मुद के नहीं औना है असी नाथ सजना
राधे कृष्ण
अजीत कुमार तलवार
मेरठ
इक दिन छड जाना है असी जहाँ सजना.
सानु याद कर कर के तेरे हंजू (आंसू) बेन गे
तेरे कोलो रोके नाल वि न रुकन गे सजना
आज सानू विछोडा न दिखाई मेरे सजना
कल याद विच साड्डी न तून रोईं सजना
अज प्यार नाल दो आजा गल्लाँ कर लाईये
कल छड के जाना है असी जहाँ सजना
राधे राधे बाद विच करदा फिरेंगा तूं गली विच सजना
फिर वापिस मुद के नहीं औना है असी नाथ सजना
राधे कृष्ण
अजीत कुमार तलवार
मेरठ

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